नेपाल में हुए भूस्खलन और उसके बाद आई बाढ़ के कारण बिहार के कई इलाकों में सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं। बूढ़ी गंडक नदी का जलस्तर अचानक बढ़ने और नेपाल में तीन पुलों के बहने के बाद प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है।

बूढ़ी गंडक नदी में जलस्तर में वृद्धि
केंद्रीय जल शक्ति मंत्रालय द्वारा जारी एडवाइजरी के अनुसार, नेपाल में गंडक नदी के ऊपरी इलाकों में अचानक बाढ़ आने से आरूघाट गेज स्टेशन पर जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया। इस घटनाक्रम के बाद नेपाल प्रशासन ने प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने की सलाह दी है। हालांकि भारतीय सीमा तक पहुंचते-पहुंचते इस पानी की तीव्रता काफी कम होने का अनुमान जताया गया है और भारत पर इसका असर न के बराबर रहने की संभावना है।
बिहार सरकार और जल संसाधन विभाग के निर्देश
नेपाल सरकार से मिली सूचना के आधार पर बिहार के जल संसाधन विभाग ने संबंधित अभियंताओं को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए हैं। गंडक और बूढ़ी गंडक नदियों के जलप्रवाह में संभावित वृद्धि को देखते हुए तटबंधों पर अतिरिक्त दबाव पड़ सकता है। इसी को ध्यान में रखते हुए अधिकारियों को दिन-रात निगरानी रखने और पूरी चौकसी बरतने को कहा गया है।
तटबंधों की सुरक्षा के लिए विशेष इंतजाम
- सभी संबंधित अधिकारियों को 24 घंटे स्थिति पर नजर रखने के निर्देश दिए गए हैं।
- बाढ़ नियंत्रण से जुड़ी आवश्यक सामग्री और श्रमिकों की तैनाती सुनिश्चित करने को कहा गया है।
- नदी के निचले इलाकों और गंडक बैराज के जलप्रवाह पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।
