केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे पी नड्डा ने शुक्रवार को कहा कि बीते एक जनवरी तक आयुष्मान भारत-प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (एबी-पीएमजेएवाई) के तहत अस्पतालों में भर्ती के 8.9 करोड़ मामलों में कुल 1.9 लाख करोड़ रुपये को मंजूरी दी गई.
उन्होंने लोकसभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में यह जानकारी दी.

नड्डा ने कहा कि इस योजना के कार्यान्वयन में विभिन्न प्रकार की धोखाधड़ी की रोकथाम और पता लगाने के लिए कदम उठाए गए हैं.

उनके अनुसार, धोखाधड़ी करने वाली संस्थाओं के खिलाफ उपयुक्त कार्रवाई की गई है, जिसमें 1,114 अस्पतालों को पैनल से हटाना, 1,504 दोषी अस्पतालों पर 122 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाना और 549 अस्पतालों को निलंबित करना शामिल है.

नड्डा ने यह भी कहा कि राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण में राष्ट्रीय धोखाधड़ी रोधी इकाई (एनएएफयू) की स्थापना की गई है और यह धोखाधड़ी और दुरुपयोग से संबंधित मुद्दों की जांच करने तथा संयुक्त कार्रवाई करने के लिए राज्य धोखाधड़ी रोधी इकाइयों (एसएएफयू) के साथ निकट समन्वय में काम करती है.

 

By

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *