इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी यानी आईआईआईटी (IIIT) भागलपुर का इस वर्ष का प्लेसमेंट रिकॉर्ड सामने आ गया है, जिसमें कुल प्लेसमेंट ग्राफ में कुछ गिरावट देखने को मिली है। क्लास ऑफ 2026 के लिए जारी किए गए इन आंकड़ों के मुताबिक, इस बार छात्रों को मिलने वाले कुल जॉब ऑफर्स की संख्या कम हुई है और अधिकतम पैकेज का आंकड़ा भी नीचे आया है।

जॉब ऑफर्स और उच्चतम पैकेज में गिरावट
आंकड़ों के अनुसार, संस्थान में साल 2025 के दौरान कुल 231 से अधिक जॉब ऑफर्स आए थे, जो कि 2026 में घटकर 161 के आसपास सिमट गए। यह लगभग 30 प्रतिशत की सीधी गिरावट को दर्शाता है। इसके अलावा, पिछले साल जहां सबसे ऊंचा पैकेज 81 लाख रुपये सालाना (LPA) था, वहीं इस बार यह गिरकर 60 लाख रुपये सालाना पर आ गया है। इस तरह शीर्ष पैकेज में करीब 21 लाख रुपये यानी 26 प्रतिशत की कमी आई है।
औसत और मेडियन पैकेज की स्थिति
भले ही शीर्ष ऑफर्स और कुल संख्या में कमी आई हो, लेकिन औसत और मेडियन पैकेजों पर इसका असर बहुत अधिक नहीं पड़ा है। संस्थान का औसत पैकेज पिछले साल के 11.11 लाख रुपये से थोड़ा घटकर इस साल 11.08 लाख रुपये दर्ज किया गया है। वहीं, मेडियन पैकेज 9.50 लाख रुपये सालाना से घटकर 9.00 लाख रुपये सालाना पर पहुंच गया है, जिससे यह स्पष्ट होता है कि सामान्य छात्रों की कमाई पर ज्यादा प्रभाव नहीं पड़ा है।
कंपनियां बढ़ीं लेकिन हायरिंग का दायरा घटा
एक दिलचस्प बात यह है कि कैंपस का रुख करने वाली कंपनियों की संख्या में इजाफा हुआ है। पिछले सत्र में जहां 120 से अधिक कंपनियां आई थीं, वहीं इस साल यह संख्या बढ़कर 130 से ज्यादा हो गई है। इसके बावजूद कुल ऑफर्स कम होने का मुख्य कारण यह माना जा रहा है कि कंपनियों ने इस बार रिक्रूटमेंट का दायरा छोटा रखा और प्रत्येक कंपनी ने कम संख्या में छात्रों को चुना। आगामी सत्र के दौरान अधिक से अधिक ऑफर्स जुटाना संस्थान के लिए एक बड़ी चुनौती रहेगा।
