दिल्ली में मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर आयोजित होने वाले सीजेपी के प्रदर्शन के मद्देनजर सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। उत्तर प्रदेश से सटे दिल्ली के बॉर्डर और रास्तों पर बैरिकेडिंग कर दी गई है, जिससे एनसीआर आने-जाने वाले लोगों की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। प्रशासन ने स्थिति पर नजर रखते हुए उत्तर प्रदेश के 20 विभिन्न जिलों से लगभग 500 महिला पुलिसकर्मियों को राष्ट्रीय राजधानी भेजा है।

रेल और मेट्रो सेवाओं पर असर
सुरक्षा के इस कड़े घेरे का सीधा असर सार्वजनिक परिवहन और यातायात व्यवस्था पर पड़ रहा है। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, दिल्ली आने-जाने वाली करीब 250 एक्सप्रेस और पैसेंजर ट्रेनों को निरस्त कर दिया गया है। इसके साथ ही, दिल्ली पुलिस ने दिल्ली मेट्रो रेल कॉरपोरेशन से जनपथ, पटेल चौक और राजीव चौक समेत 45 मेट्रो स्टेशनों को बंद रखने का अनुरोध किया है। यात्रियों को सलाह दी जाती है कि वे रेलवे और डीएमआरसी की आधिकारिक वेबसाइट के जरिए अपनी यात्रा शुरू करने से पहले स्थिति की पूरी जांच अवश्य कर लें।
सड़क मार्ग, इंटरनेट और शिक्षण संस्थानों पर प्रभाव
गाजियाबाद और नोएडा से दिल्ली में प्रवेश करने वाले मुख्य मार्गों पर वाहनों की कड़ी जांच की जा रही है, जिससे यातायात धीमा हो सकता है। जंतर-मंतर के आसपास के चार किलोमीटर के दायरे में इंटरनेट सेवाएं भी अस्थायी रूप से बाधित की गई हैं। इसके अलावा, प्रदर्शन के मद्देनजर कुछ शिक्षण संस्थानों में कक्षाओं के संचालन और परीक्षाओं के कार्यक्रमों में भी बदलाव किए गए हैं। दिल्ली की यात्रा करने वाले नागरिकों से अनुरोध है कि वे घर से निकलने से पहले संबंधित विभागों और संस्थानों के ताजा दिशा-निर्देशों की पुष्टि जरूर करें।
