कई बार पुरुषों में ब्रेस्ट का आकार बड़ा होने की समस्या देखने को मिलती है. यह पुरुषों के लिए ऐसी समस्या है जो उनके आत्मविश्वास को भी प्रभावित करती है और वे इसके बारे में अधिक बात नहीं कर पाते हैं. चिकित्सकीय भाषा में इसे ‘गाइनेकोमास्टिया’ कहते हैं. पुरुषों में ‘गाइनेकोमास्टिया’ की समस्या पर हेल्थ केयर प्रोवाइडर प्रिस्टीन केयर के डॉ. प्रतीक ठाकुर ने बताया कि पुरुषों में ब्रेस्ट का आकार बढ़ने से जुड़ी यह समस्या एस्ट्रोजन और टेस्टोस्टेरोन में असंतुलन के कारण पैदा होती है, जिसके कारण ब्रेस्ट ग्लैंड ऊतक में वृद्धि होती है. हार्मोन असंतुलन के कारण टेस्टोस्टेरोन की मात्रा कम हो जाती है.

डॉ. बताते हैं कि अधिक वजन और अत्यधिक चर्बी की वजह से भी ग्लैंड के साइज में वृद्धि होती है. प्यूबर्टी के समय हार्मोन में आए उतार-चढ़ाव की वजह से भी ग्लैंड के साइज में बदलाव देखने को मिल सकता है. इसके साथ ही बढ़ती उम्र के साथ टेस्टोस्टेरोन का लेवल घटता जाता है, जिस वजह से ग्लैंड के साइज में वृद्धि होती है. डॉक्टर प्रतीक ने बताया कि इसके साथ किसी भी गंभीर बीमारी से ग्रसित होने की वजह से, थायराइड, लीवर, किडनी की बीमारी में भी इस तरह की स्थिति पुरुषों में देखने को मिलती है. इसके लक्षण की बात करें, तो इस स्थिति में पुरुषों के स्तन के आकार बढ़ जाते हैं. 

ये भी पढ़ें- Happy Womens Day 2025: बीमारियों से रहना है दूर तो महिलाएं इन 5 टिप्स से सेहत का रखें ध्यान

Latest and Breaking News on NDTV

आमतौर पर पुरुषों में दोनों ही ब्रेस्ट के साइज बढ़ जाते हैं. कई बार बाएं ब्रेस्ट का साइज भी ज्यादा बढ़ सकता है. इसके साथ ही ब्रेस्ट एरिया में दर्द की शिकायत भी हो सकती है. 10 से 15 प्रतिशत लोगों में इसे लेकर दर्द होता है. कई स्थितियों में निपल डिस्चार्ज भी देखने को मिलता है.

इसके उपचार की बात करें, तो डॉक्टर के अनुसार, सबसे पहले इसका एग्जामिनेशन करना चाहिए. अगर यौवन के समय में किसी व्यक्ति में गाइनेकोमास्टिया की समस्या देखने को मिलती है, तो उस स्थिति में ब्लड टेस्ट कराकर हम हार्मोन का लेवल पता कर सकते हैं. कई बार ब्रेस्ट एरिया में दर्द रहता है, जिसे देखते हुए टेस्ट कराए जाते हैं, ताकि यह पता किया जा सके कि कहीं ट्यूमर वगैरह तो नहीं है.

डॉक्टर ने बताया कि ऐसी स्थिति में आपको अपने जीवनशैली का भी विशेष ध्यान रखना चाहिए. अपने खानपान का ध्यान रखना चाहिए. शराब का सेवन करने से बचना चाहिए. अगर समस्या बढ़ रही है, तो इस स्थिति में सर्जरी की जाती है और अतिरिक्त चर्बी को निकाला जाता है. डॉ. बताते हैं कि गाइनेकोमास्टिया से किसी भी व्यक्ति को मानसिक और सामाजिक परेशानी का भी सामना करना पड़ सकता है. कई बार लोगों में इसे लेकर तनाव भी देखने को मिलता है. इससे आत्मविश्वास कम होता है और कई बार इस वजह से पीड़ित व्यक्ति का उपहास भी उड़ाया जाता है.

Epilepsy Treatment: मिर्गी क्या है? कारण, लक्षण, इलाज | किन लोगों को होती है? डॉ. नेहा कपूर से जानिए

By

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *